देहरादून/जसपुर, 24 मार्च 2026: उत्तराखंड स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने अवैध हथियारों के सौदागरों के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्यवाहियों में से एक को अंजाम दिया है। महज 10 दिनों के भीतर तीसरी बड़ी स्ट्राइक करते हुए एसटीएफ ने जसपुर क्षेत्र से दो शातिर तस्करों को गिरफ्तार कर उनके पास से ऑटोमेटिक पंप एक्शन गन और .32 बोर की पिस्टल बरामद की है।
इस गिरफ्तारी के साथ ही एसटीएफ ने उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के बीच फैले हथियारों की तस्करी के एक खतरनाक नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है।
एसटीएफ की बड़ी बरामदगी: एक नज़र में (Seizure Highlights)
| बरामद सामान (Items Seized) | संख्या (Quantity) |
| पंप एक्शन गन (Pump Action Gun) | 02 |
| पिस्टल (.32 बोर) | 02 |
| जिंदा कारतूस (Live Rounds) | 10 |
| तस्करी में प्रयुक्त वाहन | 01 (कार) |
| हिरासत में अभियुक्त | 02 |
1. ऑपरेशन 'क्लीन स्वीप': एसएसपी अजय सिंह के निर्देश पर एक्शन
एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने राज्य में अवैध रूप से रह रहे संदिग्ध बाहरी व्यक्तियों और अवैध हथियारों के खिलाफ सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में एसटीएफ की एण्टी नारकोटिक्स टीम (कुमाऊं) और जसपुर पुलिस ने संयुक्त जाल बिछाया और इन तस्करों को हथियारों की बड़ी खेप के साथ धर दबोचा।
2. कौन हैं गिरफ्तार तस्कर?
पकड़े गए अभियुक्तों में एक 'पुलभट्टा थाने' का खूंखार हिस्ट्रीशीटर शामिल है, जो लंबे समय से पुलिस की रडार पर था।
- सिमरनजीत सिंह: निवासी पुलभट्टा (ऊधम सिंह नगर)। यह पुलिस रिकॉर्ड में हिस्ट्रीशीटर है और इस पर उत्तराखंड व यूपी में एक दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं।
- शमशेर सिंह: निवासी ग्राम हजीरा (जसपुर)। इसकी उम्र 39 वर्ष है और यह स्थानीय स्तर पर लॉजिस्टिक और नेटवर्क संभालने का काम करता था।
3. शाहजहांपुर कनेक्शन: फर्जी लाइसेंस का काला खेल
पूछताछ के दौरान अभियुक्तों ने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उन्होंने बताया कि ये हाई-टेक हथियार शाहजहांपुर (उत्तर प्रदेश) से लाए गए थे।
- फर्जीवाड़ा: इन हथियारों को जसपुर और आसपास के क्षेत्रों में ऊंचे दामों पर बेचा जाना था।
- मोडस ऑपेरंडी: शातिर अपराधी इन अवैध हथियारों को फर्जी लाइसेंस बनाकर उन पर 'चढ़ाने' (Register) की फिराक में थे, ताकि इन्हें वैध दिखाया जा सके। एसटीएफ अब इस फर्जी लाइसेंस रैकेट की भी गहराई से जांच कर रही है।
4. एसटीएफ का 10 दिनों का 'स्कोरकार्ड'
पिछले दो सप्ताह में उत्तराखंड एसटीएफ ने अवैध हथियारों के खिलाफ अभियान में अभूतपूर्व सफलता हासिल की है:
- कुल गिरफ्तारियां: 05 कुख्यात अपराधी।
- बरामदगी: 06 अवैध तमंचे, 02 पंप एक्शन गन, 02 पिस्टल और 31 कारतूस।
- यह आंकड़े दर्शाते हैं कि एसटीएफ राज्य में अपराधियों के सप्लाई चेन को पूरी तरह काटने में जुटी है।
5. बहादुर पुलिस टीम
इस सफल ऑपरेशन में निरीक्षक पावन स्वरुप, निरीक्षक विकास कुमार, और उ0नि0 विनोद चंद्र जोशी के नेतृत्व वाली टीम का विशेष योगदान रहा। जसपुर पुलिस टीम से उ0नि0 गोविन्द मेहता ने भी अहम भूमिका निभाई।
अपराध मुक्त उत्तराखंड की ओर कदम
हथियार तस्करी के इस नेटवर्क का खुलासा होने से आने वाले समय में बड़ी वारदातों पर अंकुश लगने की उम्मीद है। एसएसपी अजय सिंह ने साफ कर दिया है कि बाहरी राज्यों से हथियार लाकर उत्तराखंड की शांति भंग करने वालों के लिए जेल ही एकमात्र ठिकाना होगा।
